दिन ब दिन की इंटरनेट बहसों और खबरिया चैनलों के रंगमंच पर संक्षिप्त टिप्पणी.
दुनिया सोशल मीडिया पर बदायूं जिले का एक वायरल वीडियो देख रही है. हिंदुवादी संगठन का एक मनबढ़ गुंडा खुलेआम तीन मुस्लिम पुरुषों को थप्पड़ मार रहा है, गालियां दे रहा है. तीनों पीड़ितों का अपराध बस इतना था कि उन्होंने उस मनबढ़ गुंडे की स्कूटी को रास्ता नहीं दिया. मोदीजी एआई समिट का पीआर वीडियो दुनिया को दिखाना चाहते थे. पर मोदीजी से ज्यादा पीआर गलगोटिया का ‘कुत्ता’ बटोर ले गया. इस उलटबांसी पर किसी को हैरान नहीं होना चाहिए क्योंकि जब यूनिवर्सिटी के फ़ोटो एलबम में सरकार की आधी कैबिनेट मुस्कुरा रही हो, तो ऐसा होना स्वाभाविक है.
एक तरफ दुनिया एआई बना रही है, मोदीजी एआई समिट करवा रहे हैं, दूसरी ओर मोहन भागवतजी हिंदूराष्ट्र बना रहे हैं. हिंदुओं को तीन बच्चे पैदा करने और मुसलमानों को घर वापसी की सलाह दे रहे हैं.
देखिए इस हफ्ते की टिप्पणी.
मणिकर्णिका घाट से काशी विश्वनाथ कॉरिडोर तक, उजड़े (ढहा दिए गए) घरों और खामोश हो चुके मोहल्लों के बीच यह सीरीज़ बताएगी कि कैसे तोड़फोड़ की राजनीति बनारस की सिर्फ़ इमारतें नहीं, उसकी आत्मा को भी बदल रही है. बनारस पर हमारे इस सेना प्रोजेक्ट को सपोर्ट करिए.