नॉर्थ-ईस्ट दिल्ली की तंग गलियों में एक ऐसी दुनिया पल रही है, जहां कई बच्चों के हाथों में किताबों से पहले चाकू और कट्टे पहुंच रहे हैं. आखिर नाबालिग अपराध की इस दुनिया में कैसे और क्यों दाखिल हो रहे हैं?
नॉर्थ-ईस्ट दिल्ली की तंग गलियों में एक ऐसी दुनिया पल रही है, जहां कई बच्चों के हाथों में किताबों से पहले चाकू और कट्टे पहुंच रहे हैं. आखिर नाबालिग अपराध की इस दुनिया में कैसे और क्यों दाखिल हो रहे हैं?