पीड़ितों का आरोप है कि आग लगने के बाद दमकल की गाड़ियां घटनास्थल पर करीब एक घंटे की देरी से पहुंचीं. तब तक आग की लपटें इतनी ऊंची हो चुकी थीं कि 22 दमकल गाड़ियों को भी काबू पाने में घंटों मशक्कत करनी पड़ी.