NL Tippani
मीडिया की लफ्फाजी, डंकापति का मौन और होली पर चढ़ा मजहबी रंग
दिल्ली के उत्तम नगर इलाके में होली का मौक़ा एक बार फिर से सांप्रदायिक तनाव और हिंसा की भेंट चढ़ गया. आरोप है कि एक ग्यारह साल की बच्ची द्वारा पानी का गुब्बारा फेंकने से मुस्लिम समुदाय की एक महिला इतना नाराज हो गई कि उसने अपने परिजनों को बुला लिया और बात इतना बढ़ गई कि दोनों परिवारों के बीच झड़प में एक व्यक्ति की मौत हो गई.
पुलिस अधिकारियों का दावा है कि झगड़े में दोनों समुदायों के लोग घायल हुए थे. इस घटना के अगले दिन मामले ने राजनीतिक रंग ले लिया. लोग सड़कों पर प्रदर्शन करने उतर गए. वाहनों में आग लगा दी गई. इसके बाद कहा जा रहा है कि दबाव में पुलिस ने वह कार्रवाई की जो सीधे-सीधे सुप्रीम कोर्ट की अवमानना माना जाना चाहिए.
आपसे कोई पूछे कि दुनिया में किस जगह के लोग ज्योतिष पर यकीन करते हैं? तो जवाब होगा भारत. लेकिन कोई पलट के पूछे कि दुनिया भर में कहां ज्योतिषियों और भविष्यवक्ताओं को खुलेआम अंधविश्वास और पाखंड फैलाने के लिए बुलाया जाता है तो इसका जवाब उससे भी आसान है- भारत के ख़बरिया चैनलों पर.
इनकी लफ्फाजी ऐसी है कि पूरी दुनिया के एस्ट्रोलॉजर्स ने ईरान के कुंडली दोष को युद्ध की वजह बताया है. उधर धृतराष्ट्र ने संजय से जाना डंकापति की विदेश नीति का हाल?
संजय-धृतराष्ट्र संवाद के जरिए देखें इस हफ्ते की खास टिप्पणी.
मणिकर्णिका घाट से काशी विश्वनाथ कॉरिडोर तक, उजड़े (ढहा दिए गए) घरों और खामोश हो चुके मोहल्लों के बीच यह सीरीज़ बताएगी कि कैसे तोड़फोड़ की राजनीति बनारस की सिर्फ़ इमारतें नहीं, उसकी आत्मा को भी बदल रही है. बनारस पर हमारे इस सेना प्रोजेक्ट को सपोर्ट करिए.
Also Read
-
Living under notice: Fear and uncertainty along the Yamuna in Delhi
-
Over 1 lakh pending cases: Noida burned after years of silence in labour courts
-
Bengal’s ‘Paribartan’: A victory built on opposition fractures
-
‘Someone who is TMC in the morning can become BJP by night’: Bengal’s week of violence
-
Delhi’s women gig workers are battling far more than the punishing heat