Ground Report
चार दिन बाद भी धराली में फंसे हैं स्थानीय लोग, बचाव कार्यों में टूरिस्टों को प्राथमिकता देने का आरोप
उत्तराखंड में आई आपदा को चार दिन बीत चुके हैं, लेकिन उत्तरकाशी का धराली क्षेत्र अब भी सड़क मार्ग से पूरी तरह कटा हुआ है. इलाके में शुक्रवार शाम तक संचार व्यवस्था ठप रही. फोन लाइनें और मोबाइल नेटवर्क अब तक काम नहीं कर रहे हैं. हेलीकॉप्टरों की लगातार आवाजाही देखकर लगता है कि राहत और बचाव का कार्य बड़े स्तर पर हो रहा है, लेकिन ज़मीनी हकीकत कुछ और ही है. सरकार ने अब तक करीब 300 से ज्यादा लोगों को रेस्क्यू करने दावा किया है. शुक्रवार को धराली के लोगों ने प्रशासन और सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर नारे लगाए और सरकार द्वारा दिए गए राहत चेक लेने से भी इंकार कर दिया.
जब न्यूज़लॉन्ड्री की टीम उत्तरकाशी के मांथली परेड ग्राउंड स्थित हेलीपैड पर पहुंची, तो वहां धराली से आए लोगों का गुस्सा देखने को मिला. उनका कहना है कि रेस्क्यू ऑपरेशन में केवल टूरिस्टों को निकाला जा रहा है, जबकि स्थानीय लोग अब भी घटनास्थल पर फंसे हुए हैं.
धराली के निवासी बताते हैं कि बाहर से आए पर्यटकों को प्राथमिकता दी जा रही है, जबकि गांव के लोग अब भी बेसहारा बने हुए हैं. हमने कई ऐसे फंसे लोगों के परिजनों से बात की जो बेहद नाराज़ और चिंतित हैं.
इस बीच, इलाके में एक बार फिर बारिश शुरू हो गई है जिससे अब तक हुई राहत और मरम्मत के काम को नुकसान पहुंचने का खतरा बढ़ गया है. सड़कों के दोबारा कटने की आशंका स्थानीय लोगों की चिंता को और बढ़ा रही है.
पूरा वीडियो देखें-
Also Read
-
‘Genuine’ vs ‘political’: The social media campaign pitting Ranchi protests against CJP
-
A day inside a Delhi SIR camp: Forms, confusion and long days
-
The crisis after the flood in Assam villages: Lost livestock, missed crop, and wait for aid
-
‘One-shot exam wrong way to select students’: Former education secy R Subrahmanyam
-
Arundhati Roy: ‘Message from Jantar Mantar is bigger than electoral defeat’