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Ahmedabad Plane Crash: किसी का भाई मर गया, किसी की बेटी तो किसी का बेटा, शव के इंतज़ार में पथराई आंखें
12 जून की दोपहर अहमदाबाद से लंदन जा रहा विमान उड़ान भरने के दो मिनट बाद ही दुर्घटना का शिकार ही गया. विमान में 241 लोग सवार थे. जिसमें से एक व्यक्ति की जान बच गई. वहीं अन्य लोगों की मौत हो गई.
इसी विमान में मुंबई के रहने वाली जावेद अली सैयद, उनकी पत्नी और दो बच्चे थे. बकरीद मानने और अपनी मां से मिलने के लिए ये भारत आए थे. यह परिवार मुंबई से पहले अहमदाबाद आया और यहां से लंदन के लिए निकला लेकिन हादसे का शिकार हो गया. जावेद के भाई इम्तियाज़ अस्पताल में अब अपनों की लाशें लेने के लिए भटक रहे हैं.
इम्तियाज की ही तरह दूसरे लोग भी अहमदाबाद के सिविल अस्पताल में अपने चेहरे पर चिंता और सवाल लिए घूम रहे हैं. यहां हमारी मुलाक़ात एक युवक से हुई जिसकी प्रेमिका हादसे का शिकार हो गई. एक पिता जिनकी बेटियों की मौत हो चुकी है. गुजरात के ही मेहसाणा का रहने वाला एक लड़का संकेत गोस्वामी, पढ़ाई करने के लिए लंदन जा रहा था लेकिन मंज़िल तक पहुंचने से पहले ही ये हादसा हो गया. गोस्वामी के माता -पिता को बताया गया है कि उनका बेटा अभी अस्पताल में भर्ती हैं.
मृतकों में विमान में सवार यात्रियों के अलावा मेस के आसपास दुकान लगाने वाले लोग भी शामिल हैं. सिविल अस्पताल के हर कोने में दुख और शोक का माहौल है.
कितने लोगों की मौत हुई है इसके आधिकारिक अभी जारी नहीं हुए हैं लेकिन अस्पताल और पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक अब तक 265 से 270 के बीच शव अस्पताल आ चुके हैं. इन शवों की पहचान के लिए 13 जून, शाम 7 बजे तक 219 परिजनों के डीएनए सैंपल लिए गए हैं.
साथ ही सिविल अस्पताल के मुर्दाघर से शवों को हटाकर पास में ही बने नए मोर्चरी शिफ्ट किया गया है. अधिकारियों के मुताबिक़ इन शवों को ज़्यादा दिन तक रखना है इसलिए किसी और जगह शिफ्ट किया जा रहा है.
वहीं अब तक प्राप्त जानकारी के मुताबिक 8 शव परिजनों को सौंपे जा चुके हैं. इसमें से दो राजस्थान, एक मध्य प्रदेश और बाकी शव गुजरात के ही अलग-अलग जिलों के रहने वाले मृतकों के हैं.
जिन्होंने डीएनए जांच के लिए सैंपल दे दिए हैं वो रविवार का इंतज़ार कर रहे हैं कि वे जले-अधजले अपनों का शव लेकर घर जाएं. डीएनए सैंपल की रिपोर्ट का इंतज़ार कर रहे इन लोगों के लिए एक-एक पल सदी से कम नहीं है.
देखें रिपोर्ट -
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