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द केरल स्टोरी: चुनावी माहौल के बीच दूरदर्शन पर प्रसारण को लेकर उठे सवाल
दूरदर्शन की ओर से आज रात फिल्म द केरला स्टोरी का प्रसारण किया जाएगा. सुदीप्तो सेन द्वारा निर्देशित इस फिल्म का प्रसारण डीडी नेशनल चैनल पर 8 बजे होगा. हालांकि, चुनावी माहौल के बीच फिल्म प्रसारण के इस फैसले ने दूरदर्शन को सवालों के घेरे में ला दिया है.
मालूम हो कि फिल्म में केरल को इस्मालिम स्टेट में भर्ती के मुख्य केंद्र के रूप में दिखाया गया है. जहां मुस्लिम पुरुषों द्वारा छल करके हिंदू महिलाओं को सीरिया भेजा जा रहा है. फिल्म में दावा किया गया कि केरल से करीब 32 हजार महिलाओं को इस तरह सीरिया भेजा गया. हालांकि, असल में यह संख्या मात्र तीन महिलाओं की थी. फिल्म की रिलीज के बाद भी इस पर काफी विवाद हुआ था.
इसमें कोई ताज्जुब नहीं कि पिछले साल जब फिल्म रिलीज हुई, तब भाजपा नेताओं ने इसकी तारीफ में कसीदे पढ़े. जगह-जगह इसकी विशेष स्क्रीनिंग का आयोजन किया तथा कुछ भाजपा शासित राज्यों में कर में छूट दी गई.
अब डीडी नेशनल ने इसका प्रसारण करके इस विवाद को फिर से तूल दे दिया है. केरल के मुख्यमंत्री ने इस निर्णय को “अत्यंत निंदनीय” बताया है.
उन्होंने एक्स हैंडल पर पोस्ट किया, “राष्ट्रीय समाचार प्रसारण संस्था को भाजपा-आरएसएस का प्रोपगेंडा मशीन नहीं बनना चाहिए. इस तरह की फिल्म का प्रसारण रोक देना चाहिए जिसका मकसद आम चुनावों के ठीक पहले साम्प्रदायिक तनाव को और बढ़ाना हो. नफरत के बीज बोने के इस तरह के प्रयासों का केरल विरोध करता रहेगा.”
सरकार की तरफ से इसपर कोई प्रतिक्रिया नहीं आई. लेकिन प्रसार भर्ती के सीईओ रहे शशि शेखर ने विजयन के ट्वीट का जवाब दिया.
उन्होंने जवाब में लिखा, “शायद माननीय मुख्यमंत्री यह भूल गए हैं कि कैसे 1980 के दशक में ‘तमस’ को दूरदर्शन पर प्रसारित किया गया. जब वही एकमात्र टेलीविजन चैनल था और कोई प्राइवेट चैनल नहीं था.”
झूठे दावों से भरी होने के बावजूद फिल्म का प्रदर्शन ठीक-ठाक रहा. फिल्म देखने जाने वालों ने क्या कहा यह जानने के लिए न्यूजलॉन्ड्री की यह विडियो रिपोर्ट देखिए.
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