NL Charcha
एनएल चर्चा 311: अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी, सोनम वांगचुक का अनशन और चुनाव
इस हफ्ते चर्चा के प्रमुख विषय लद्दाख को संविधान की छठी अनुसूची में शामिल करने समेत विभिन्न मुद्दों को लेकर पर्यावरणविद सोनम वांगचुक का आमरण अनशन और आबकारी नीति मामले में गुरुवार रात ईडी द्वारा दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को गिरफ्तार करना आदि रहे.
इसके अलावा चुनाव आयोग ने केंद्र को ‘विकसित भारत मिशन’ के सन्देश भेजना बंद करने का दिया आदेश, सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार की तथ्य जांच इकाई (एफसीयू) की अधिसूचना पर लगाई रोक, तमिलनाडु में डीएमके नेता पोनमुदी की शपथ रोकने पर राज्यपाल आरएन रवि पर सुप्रीम कोर्ट ने दिखाई सख्ती, भ्रामक विज्ञापन मामले में पतंजलि आयुर्वेद के एमडी आचार्य बालकृष्ण व बाबा रामदेव ने सुप्रीम कोर्ट से बिना शर्त माफी मांगी और उत्तर प्रदेश के बदायूं हत्याकांड के आरोपी साजिद का एनकाउंटर व जावेद की गिरफ्तारी आदि की ख़बरें भी हफ्ते भर की सुर्खियों में शामिल रहीं.
वहीं, भारतीय ओलंपिक संघ ने कुश्ती के लिए गठित तदर्थ समिति को किया भंग, स्विस संगठन आईक्यू एयर द्वारा विश्व वायु गुणवत्ता रिपोर्ट 2023 के अनुसार भारत दुनिया का सबसे प्रदूषित देश, चुनाव आयोग ने पेट्रोल पंपों पर पीएम मोदी की फोटो वाली होर्डिंग्स को हटाने का दिया निर्देश, कांग्रेस के शीर्ष नेता मल्लिकार्जुन खड़गे व सोनिया गांधी ने प्रेस वार्ता में पार्टी के बैंक खातों को फ्रीज किए जाने पर एजेंसियों पर साधा निशाना और चुनाव आयोग द्वारा इलेक्टोरल बॉन्ड से जुड़ा पूरा डाटा सार्वजनिक किया जाना आदि ख़बरों ने भी हफ्तेभर तक लोगों का ध्यान खींचा.
इस हफ्ते चर्चा में न्यूज़क्लिक से वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह और वरिष्ठ पत्रकार राजेश जोशी शामिल हुए. इसके अलावा न्यूज़लॉन्ड्री टीम से शार्दूल कात्यायन और विकास जांगड़ा ने हिस्सा लिया. वहीं, चर्चा का संचालन न्यूज़लॉन्ड्री के प्रबंध संपादक अतुल चौरसिया ने किया.
चर्चा के प्रमुख विषय आबकारी नीति मामले में ईडी द्वारा केजरीवाल की गिरफ्तारी को लेकर अतुल सवाल करते हैं, “ क्या ये सब आनन-फानन में सिर्फ इसलिए किया गया ताकि हैडलाइन मैनेज किया जा सके और सरकार के खिलाफ जितनी भी ख़बरें हैं, जो उसकी छवि को खराब करती हैं, उससे लोगों का का ध्यान बंट जाए?”
इसके जवाब में राजेश जोशी कहते हैं, “हेडलाइन मैनेजमेंट कहें या मीडिया मैनेजमें, इसमें मोदी सरकार को महारत हासिल है. हालांकि, हर सरकार ऐसा करना चाहती है. लेकिन ये कहना कि ये सब सिर्फ हेडलाइन मैनेज करने लिए किया गया है तो ये सही नहीं होगा. ये मोदी सरकार की बड़ी राजनीति का एक हिस्सा है. मोदी और उनके रणनीतिकार ने अरविंद केजरीवाल को गिरफ्तार करके एक सोच-समझा जोखिम लिया है. अरविंद केजरीवाल को भी मालूम था कि उनकी गिरफ्तारी होनी है.”
सुनिए पूरी चर्चा-
नोट: इस हफ्ते चर्चा पेवॉल के पीछे नहीं है. अपने फेवरेट पॉडकास्ट प्लेटफॉर्म से चर्चा सुनने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें.
टाइम कोड्स
00- 03:36 - इंट्रो और जरूरी सूचना
03:37 - 23:09 - पर्यावरणविद सोनम वांगचुक का आमरण अनशन
23:10 - 33:01 - सुर्खियां
33:02 - 1:24:00 - ईडी द्वारा दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी
1:24:01 - 1:30:36 - सब्सक्राइबर्स के मेल
1:30:37 - 1:41:30 - सलाह और सुझाव
पत्रकारों की राय क्या देखा, पढ़ा और सुना जाए
शार्दूल कात्यायन
न्यूज़लॉन्ड्री पर श्वेता देसाई की रिपोर्ट
टीवी सीरीज- द सिनर
हरिशंकर परसाई का व्यंग्य
विकास जांगड़ा
नेटफ्लिक्स पर सीरीज- हाउस ऑफ कार्ड्स
राजेश जोशी
द रिपोर्टर्स कलेक्टिव की रिपोर्ट और इलेक्टोरल बॉन्ड पर सीरीज
भाषा सिंह
मोहम्मद आमिर खान की किताब- आतंकवादी का फ़र्ज़ी ठप्पा
सुधा भारद्वाज की किताब- फ्रॉम फांसी यार्ड
डॉक्यूमेंट्री- डेजा वू
अतुल चौरसिया
न्यूज़लॉन्ड्री पर इलेक्टोरल बॉन्ड की सीरीज
नेटफ्लिक्स पर सीरीज- करी एन्ड साइनाइड: द जॉली जोसफ केस
ट्रांसक्रिप्शन: सत्येंद्र कुमार चौधुरी
प्रोड्यूसर: आशीष आनंद
एडिटिंग: उमराव सिंह
Also Read
-
Dhruv Rathee interview: CJP, protests, Soros and more
-
What happens after Delhi Police detains you? I saw it first hand
-
Nearly 30 journalists recount the Delhi Police’s use of brute force against them
-
‘It’s about saving this country’: Why they marched to the Supreme Court
-
‘Can’t differentiate between reel makers and independent journalists’, says Modi govt