Khabar Baazi
दिल्ली हाईकोर्ट ने गौतम गंभीर बनाम पंजाब केसरी मामले में मध्यस्थता की इजाज़त दी
लाइव लॉ की रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली हाईकोर्ट ने पूर्व क्रिकेटर और भाजपा सांसद गौतम गंभीर द्वारा हिंदी दैनिक समाचार पत्र पंजाब केसरी और उसके पत्रकारों के खिलाफ दायर मानहानि के मुकदमे में मध्यस्थता की बात कही है.
पूर्व क्रिकेटर और पूर्वी दिल्ली से भाजपा सांसद गौतम गंभीर ने हिंदी अखबार पंजाब केसरी और उसके रिपोर्टर्स के खिलाफ दो करोड़ रुपए का मानहानि का मुकदमा किया था.
गंभीर ने अख़बार को कुछ भी ‘अपमानजनक’ छापने से रोकने के लिए यह मुकदमा किया था.
बता दें कि अख़बार में छपी कई ख़बरों पर आपत्ति जताते हुए गंभीर ने कहा था कि वे उनकी और सांसद के तौर पर उनके किए हुए कामों की झूठी और मानहानिकारक छवि बनाती हैं. इसलिए, उन्होंने अख़बार को ऐसी सामग्री छापने से रोका जाए.
गंभीर के वकील जय अनंत देहादराय ने कोर्ट में कहा कि मुमकिन है कि इस मामले में मित्रतापूर्वक मध्यस्थता तक पहुंचा जा सकता है इसलिए मध्यस्थता की इजाज़त प्रदान की जाए. इसके बाद जस्टिस दिनेश कुमार ने, कथित तौर पर, इसकी इजाज़त दे दी.
अदालत ने कहा, “याचिकाकर्ता के वकील ने बताया है कि इस मामले में मित्रतापूर्वक मध्यस्थता तक पहुंचा जा सकता है. मध्यस्थता के नियमों और शर्तों पर फैसला लेने के लिए इजाज़त दी जाए. इसलिए इजाज़त प्रदान की जाती है”.
इस मामले में 29 फरवरी को अदालत के सामने दोनों पक्ष मध्यस्थता करेंगे.
Also Read
-
‘Full enjoy bhai’: Free birds or civic nuisance? Why Indian tourists are hated worldwide
-
‘Hindu ekta khatre mein’: How TV news rewrote UGC’s equity norms
-
Only 3 meetings on Delhi’s air crisis. But guess how many air purifiers in ministry’s office
-
समता के नाम पर 'संग्राम': यूजीसी के नियमों से क्यों बरपा हंगामा
-
फर्स्टपोस्ट की मैनेजिंग एडिटर का पद छोड़ेंगी पलकी शर्मा, खुद का नया वेंचर लाने की तैयारी