Saransh
क्या कोरोनिल, कोरोना की दवाई है? जानिए पतंजलि और रामदेव का साम्राज्य
बाबा रामदेव और पतंजलि ने बार-बार दावा किया कि कोरोनिल, कोरोना की दवाई है. न्यूज़लॉन्ड्री ने इन दावों की पड़ताल की है. ये दावे खोखले हैं.
हमारी तीन पार्ट की एनएल सेना सीरीज में हमने रामदेव के शुरुआती जीवन से लेकर उनके बढ़ते साम्राज्य को लेकर रिपोर्ट की है.
पहली खबर का शीर्षक है, “परिवारवादी रामदेव: पतंजलि में रामदेव तो बस ‘एंकर’ हैं, असली मालिक तो कोई और है!” - यह स्टोरी महेंद्रगढ़ के एक छोटे से गाँव सैद अलीपुर के रहने वाले रामकिशन यादव के योग गुरु रामदेव, और योग गुरु से कारोबारी रामदेव बनने की कहानी है.
दूसरी स्टोरी का शीर्षक है, “साम-दाम-दंड-भेद से पतंजलि ने खरीदी दलितों की सैकड़ों एकड़ जमीन.” यह रिपोर्ट बताती है कि बिज़नस के लिए ज़मीन हासिल करने के लिए पतंजलि ने क्या क्या किया.
और तीसरी स्टोरी है, “भारत सरकार और पतंजलि: महामारी के प्रकोप में भ्रम की सौदेबाजी.”
इस सेना प्रोजेक्ट को करने के लिए मुझे एक महीने से ज़्यादा का समय लगा. लगभग 20 दिन तक मैं ग्राउंड पर रहा. आप सब जानते है कि ग्राउंड पर समय के साथ-साथ संसाधन की भी ज़रूरत पड़ती है. इस सेना प्रोजेक्ट को पूरा करने में आपमें से कई लोगों ने सहयोग किया है, लेकिन जितनी राशि की हमें जरूरत है, वह अभी पूरी नहीं हुई है. अगर आपको मेरी रिपोर्ट पसंद आई और आप चाहते हैं कि इस तरह की रिपोर्ट और हम आगे भी करते रहें तो हमारा सहयोग करें. आपका सहयोग हमारी ताकत है.
यदि आप इस सीरीज को समर्थन देना चाहते हैं तो यहां क्लिक करें.
Also Read
-
4 tests, 1 question: Did SIR shape Bengal outcome?
-
East India’s Hindutva turn may fuel a new era of India-Bangladesh hostility
-
Congress-DMK split: How Rahul-Stalin bonhomie collapsed over Vijay’s rise
-
Press freedom index puts focus on newsrooms telling India’s hardest stories
-
Beyond anti-incumbency: What Kerala’s verdict says about the LDF