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अमेरिका ही है ईरान की स्कूली बच्चियों की मौत की वजह, न्यूयॉर्क टाइम्स ने किया ये खुलासा
प्रसिद्ध अमेरिकी अखबार द न्यूयॉर्क टाइम्स ने पुष्टि की है कि पिछले महीने ईरान के मिनाब शहर के एक प्राथमिक स्कूल पर गिरा मिसाइल असल में अमेरिका की टॉमहॉक क्रूज़ मिसाइल थी. यह खुलासा उस बढ़ते सबूतों में नया इज़ाफा है, जिनसे संकेत मिलता है कि ईरान पर चल रहे अमेरिका–इज़राइल के हमलों में नागरिकों को निशाना बनाया गया है.
इस हमले में कम से कम 170 लोगों की मौत हुई, जिनमें अधिकांश बच्चे बताए जा रहे हैं. अन्य जांचों से भी संकेत मिलता है कि यह कोई अकेली घटना नहीं है.
सीएनएन की एक जांच में पाया गया कि कई हमले स्कूलों और अस्पतालों जैसे नागरिक ढांचे के बेहद करीब हुए हैं. वहीं, बीबीसी वेरिफाई ने एक अस्पताल, खेल परिसर, एक यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल और दो स्कूलों को हुए नुकसान का दस्तावेजीकरण किया है, जिनमें मिनाब का वही स्कूल भी शामिल है.
यह सब खुलासे ऐसे वक्त में हो रहे हैं जब ईरान में हमले लगातार तेज़ हो रहे हैं और उनका असर सीधे आम नागरिकों की ज़िंदगी पर पड़ रहा है. ईरानी राजदूत की ओर से संयुक्त राष्ट्र को दी गई जानकारी के मुताबिक, 28 फरवरी से शुरू हुई झड़पों के बाद अब तक 1,300 से ज़्यादा ईरानी नागरिकों की मौत हो चुकी है.
ताज़ा हमलों में तेहरान और उसके आसपास चार तेल डिपो और एक पेट्रोलियम लॉजिस्टिक्स साइट को निशाना बनाया गया. स्थानीय प्रशासन के अनुसार इन हमलों में छह लोगों की मौत हुई. नागरिकों द्वारा साझा किए गए वीडियो में राजधानी के आसमान में उठती विशाल आग की लपटें दिखाई दे रही हैं.
रविवार सुबह जब लगभग एक करोड़ आबादी वाले तेहरान में बारिश हुई, तो प्रशासन ने लोगों को संभावित जहरीली एसिड बारिश को लेकर चेतावनी दी. कई लोगों ने शिकायत की कि सुबह उठने पर उनकी आंखों में जलन और गले में खराश महसूस हो रही थी.
इस बीच जब द टाइम्स के एक पत्रकार ने शनिवार को पूछा कि क्या अमेरिका ने स्कूल पर बमबारी की थी तो अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जवाब दिया,
“नहीं. मेरी राय में और जो मैंने देखा है उसके आधार पर, यह काम ईरान ने किया है.”
उन्होंने कहा, “आप जानते हैं, उनके हथियार बहुत सटीक नहीं होते.”
ट्रम्प के साथ खड़े अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा कि पेंटागन इस घटना की जांच कर रहा है, लेकिन उनका दावा था कि “नागरिकों को निशाना बनाने वाला पक्ष केवल ईरान है.”
इस बीच मिनाब हमले का एक नया वीडियो सामने आया है, जिसे ईरान की अर्ध-सरकारी एजेंसी मेहर न्यूज़ एजेंसी ने जारी किया और जिसकी पुष्टि द न्यूयॉर्क टाइम्स ने भी की है.
अख़बार द्वारा जुटाए गए सबूतों से संकेत मिलता है कि शजराह तैय्यबेह प्राथमिक विद्यालय की इमारत को एक सटीक मिसाइल हमले में गंभीर नुकसान हुआ. यह हमला उसी समय हुआ जब पास के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के नौसैनिक अड्डे पर भी हमले किए जा रहे थे. इन सबूतों में सैटेलाइट तस्वीरें, सोशल मीडिया पोस्ट और अन्य सत्यापित वीडियो शामिल हैं.
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