हवा का हक़
हवा का हक़: अगर आप खांसते हुए अस्पताल पहुंच रहे हैं तो यह रिपोर्ट आपके लिए है
दिल्ली में सांस लेना दूभर हो गया है. यहां प्रदूषण इतनी बड़ी समस्या बन गया है कि लोग बीमार पड़़ने लगे हैं. लोगों का दम घुट रहा है और खांसते हुए अस्पताल पहुंच रहे हैं. अस्पतालों में ऐसे मरीजों की लंबी कतारे हैं.
लगातार बढ़ते वायु प्रदूषण से कैसे बचा जा सकता है और इसके लिए जरूरी उपाय क्या हैं. इसके लिए हमने लंग्स स्पेशलिस्ट डॉक्टर साईं किरण से मुलाकात की.
वे कहते हैं, "दिल्ली में रहने वाले लोग रोजना स्टीमिंग करें यानि भांप लें, गर्म पानी पीएं और गार्गल करें, मास्क पहनें, जितना संभव हो घर के अंदर ही रहें और सूरज निकलने पर ही सैर के लिए निकलें. बीते कुछ वक्त में प्रदूषण से संबंधी मरीजों की संख्या में 10 से 15 फीसदी का इजाफा हुआ है. खांसी को सीजनल खांसी समझकर कभी भी नजरअंदाज़ न करें तुरंत डॉक्टर को दिखाएं."
वह आगे कहते हैं कि लंग्स की बीमारी ढूंढने के लिए और उनकी क्षमता जांचने के लिए पीएफटी (Pulmonary Function Test) बहुत जरूरी होता है. लेकिन ज्यादातर लोग इस टेस्ट को नहीं करवाते हैं, वे एक्स-रे करवाते हैं. इस टेस्ट से पता चलता है कि उनके लंग्स की स्थिति कैसी है और उसे आगे क्या ट्रीटमेंट देना है.
जरूरी बात, आप जानते हैं कि न्यूज़लॉन्ड्री हवा का हक़ नाम से एक मुहिम चला रहा है. इस मुहिम से आप भी जुड़ सकते हैं. इस मुहिम से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें.
देखिए पूरी रिपोर्ट-
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