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भारत में अवैध रूप से प्रवेश के दौरान बांग्लादेश के चार पत्रकार गिरफ्तार
बांग्लादेश के पत्रकार मुजम्मिल बाबू, श्यामल दत्ता और महबुबूर रहमान को कथित तौर पर एक ड्राइवर के साथ उस वक्त हिरासत में लिया गया, जब वे सोमवार को मैमनसिंह में धोबौरा सीमा से अवैध रूप से भारत में प्रवेश करने की कोशिश कर रहे थे.
पत्रकार मुजम्मिल बाबू एकात्तोर टीवी के प्रबंध निदेशक और प्रधान संपादक हैं, वहीं महबुबूर रहमान एकात्तोर टीवी में वरिष्ठ संपादक हैं. धोबौरा पुलिस थाने के प्रभारी ने द डेली स्टार को बताया कि सोमवार की सुबह धोबौरा-पुर बधाला सीमा क्षेत्र के पास स्थानीय लोगों ने जब उन्हें रोका, तब वे अपने ड्राइवर सलीम के साथ कार में थे. उसके बाद स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी. ये चारों अब पुलिस हिरासत में हैं.
बता दें कि न्यूज़लॉन्ड्री ने अपनी रिपोर्ट में इस बात की जानकारी दी थी कि कैसे कई पत्रकारों ने मुजम्मिल बाबू को बांग्लादेश के ‘गोदी’ पत्रकारों का सरगना बताया था. (एक भारतीय शब्द जिसका इस्तेमाल उन मीडिया कर्मियों के लिए किया जाता है जिनकी वफादारी सत्ता में बैठे लोगों के प्रति होती है)
बता दें बांग्लादेश की पूर्व पीएम शेख हसीना के करीबी सहयोगी मुजम्मिल बाबू, हसीना को अन्य पत्रकारों के बारे में जानकारी देने के लिए जाना जाता था.
बाबू बांग्लादेश एडिटर्स गिल्ड के प्रमुख भी थे, लेकिन शेख हसीना सरकार के गिरने के बाद 5 अगस्त को उन्होंने इस पद को छोड़ दिया था.
अगस्त में बांग्लादेश में हुए विरोध प्रदर्शनों के दौरान, बाबू उन 26 पत्रकारों में भी शामिल थे, जिनका नाम एक वकील द्वारा इंटरनेशनल क्राइम्स ट्रिब्यूनल (अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण) में मानवता के विरुद्ध कथित अपराधों के लिए दायर मामले में लिया गया था. बाबू पिछले महीने से छिपते फिर रहे थे.
इससे पहले भी, श्यामल को 6 अगस्त को भारत में प्रवेश करने का प्रयास करते समय आव्रजन पुलिस ने हिरासत में ले लिया गया था.
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