Report
सरहद पार की प्रेम कहानी: 'पाकिस्तान की मौत जिल्लत भरी होगी, भारत में चैन से मरूंगी'
पाकिस्तानी सीमा गुलााम हैदर और भारत के सचिन मीणा की प्रेम कहानी के चलते ग्रेटर नोएडा का रबूपुरा गांव मीडिया का अखाड़ा बना हुआ है. गांव में इस जोड़े को बधाई देने के लिए लोगों का तांता लगा है. धक्का-मुक्की और भीषण गर्मी के बीच हर मीडियाकर्मी सीमा और सचिन का इंटरव्यू करना चाहता है. सचिन के पिता मीडिया से बार-बार हाथ जोड़कर शांति बनाए रखने की गुहार कर रहे हैं. आलम ये है कि कई बार मीडिया से परेशान सीमा और सचिन कमरे में बंद हो जाते हैं. यही नहीं गुस्साए परिजनों को पुलिस की मदद लेनी पड़ रही है.
इस बीच कई मीडियाकर्मी और यूट्यूबर्स स्थानीय बच्चों को उकसाने, जय श्रीराम के नारे लगवाने और उटपटांग सवाल करते देखे जा सकते हैं. कई घंटों के इंतजार करने के बाद हमें भी सीमा और सचिन से बात करने का मौका मिला.
सोशल मीडिया पर एक तबका जहां सीमा को जासूस घोषित करने में लगा है तो वहीं कुछ इसे सच्ची प्रेम कहानी की तरह बयां कर रहे हैं. पुलिस सीमा से बरामद कागजात, मोबाइल, सिम कार्ड और कई आधार कार्ड की जांच में उलझी है.
वहीं, दूसरी तरफ पाकिस्तान से भारत आईं सीमा हैदर की मुल्क वापसी को लेकर सिंध प्रांत में डकैतों ने भारत को चेतावनी दी है. उन्होंने पाकिस्तान में स्थित हिंदुओं के धार्मिक स्थलों और घरों पर हमला करने की धमकी दी है.
एक वीडियो संदेश में डकैत राणो शार ने कहा, ''ये औरत अपने चार बच्चों के साथ नेपाल गई और गीता को स्वीकार किया. हमने जखरानी जनजाति के सरदार से भी अपील की है कि सीमा को वापस लाएं. अगर वो नहीं आ रही तो बच्चों को लेकर लाएं. ये हमारे धर्म के ख़िलाफ़ है. मैं ये अपील करता हूं कि इस औरत को वापस भेजें वरना पाकिस्तान में जो हिंदू रह रहे हैं वो अपनी सुरक्षा के लिए ख़ुद ज़िम्मेदार होंगे. हम किसी तरह की ज़िम्मेदारी नहीं लेंगे. अगर सीमा वापस नहीं आई तो रहरकी दरबार में हम बम फोड़ेंगे.''
देखिए पूरा इंटरव्यू-
Also Read
-
Too big, too costly, too far: Delhi’s new protest sites put to the test
-
‘People scared of economics’: Sarthak Pradhan on your money, GST and Fiscal Fables
-
Ex-ISRO chairman on privatisation and what left the space community ‘alarmed’
-
स्वर्ग में चायवाले की टपरी पर एसआईआर की चर्चा और टीएन शेषन की एंट्री
-
No, Neha Bora did not call for Bangladesh-like situation in India; viral claim misses important context