Khabar Baazi
रोज़नामचा: महाराष्ट्र में अजित पवार की बगावत बनी आज के अख़बारों की सुर्खियां
महाराष्ट्र में हो रहे राजनीतिक घटनाक्रम को सभी अख़बारों ने प्रमुखता से पहले पन्ने पर जगह दी है. एनसीपी में फुट पड़ गई है, और एनसीपी से बगावत कर शरद पवार के भतीजे अजित पवार और कई विधायक एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली महाराष्ट्र सरकार में शामिल हो गए हैं.
अजीत पवार ने रविवार को महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री पद की शपथ ली है. अख़बार लिखते हैं, इससे विपक्ष की एकता पर सवाल उठते हैं वहीं शरद पवार की भूमिका कमजोर हुई है. वहीं इस घटनाक्रम के बाद एकनाथ शिंदे ने इसे ट्रिपल इंजन की सरकार कहा है. अजित के साथ आठ अन्य विधायकों ने भी मंत्री पद की शपथ ली है.
आइए आज के अख़बारों पर नज़र डालते हैं.
दैनिक जागरण
पहले दैनिक जागरण अख़बार की बात करते हैं. दैनिक जागरण ने शरद पवार की एनसीपी में फुट पड़ने को पहले पन्ने पर जगह दी है. इस पहले पन्ने पर अन्य खब़रों में आज मोदी मंत्री परिषद की बैठक का उल्लेख है. बैठक में फेर बदल की उम्मीद है, अटकले हैं कि देवेंद्र फडणवीस को केंद्र में मंत्री बनाया जा सकता है. इसके अलावा डीडीए ने दो फ्लैट को आपस में जोड़ने की अनुमति दी है, योजना में अगर कोई साथ के फ्लैट खरीदता है तो दोनों फ्लैट को एक साथ जोड़ सकता है.
जागरण के संपादकीय में भी महाराष्ट्र में हुई राजनीतिक उठा पटक को जगह दी है. संपादकीय का शीर्षक है चाचा और भतीजा. संपादकीय में आगे दिल्ली के हर्ष विहार में भारी बारिश के बाद एक युवक की गढ्ढे में गिरने से हुई मौत को सरकारी संस्थानों की लापरवाही बता कार्यवाही की मांग की है.
हिन्दुस्तान
हिन्दुस्तान अख़बार ने भी अजित पवार समेत एनसीपी के विधायकों के सरकार में शामिल होने की खब़र को शीर्ष पर छापा है. पहले पन्ने की अन्य खब़रों में मानसून के छह दिन पहले पहुंचने की जानकारी दी गई है. वहीं मणिपुर में फिर हिंसा भड़कने की खब़र है, जिसमें तीन लोगो की मौत हो गई है. पहले पेज पर यह भी है की गज़वा ए हिन्द को लेकर एनआईए ने छापेमारी की है.
इसके अलावा हिन्दुस्तान के संपादकीय में नई आई कोरोना वैक्सीन का उल्लेख है जिसमें बूस्टर डोज़ के बारे में विस्तार से बताया गया है.
जनसत्ता
जनसत्ता की पहली खब़र भी महाराष्ट्र में मची उठा पाठक की ही है, खब़र का शीर्षक है कि अजित पवार बने उप मुख्यमंत्री, आठ अन्य को मंत्री पद. इसके अलावा मणिपुर हिंसा में तीन लोगों की मौत को भी पहले पन्ने पर रखा है. वहीं, पश्चिम बंगाल हिंसा में तृणमूल कांग्रेस की कार्यकर्ता की हत्या को भी जगह दी गई है. मानसून इस बार छह दिन पहले आ गया है इस बात का भी जिक्र है.
जनसत्ता का संपादकीय रूस यूक्रेन युद्ध से संबंधित है, जिसका शीर्षक है अमन का रास्ता. संपादकीय में प्रधानमंत्री मोदी की रूस के राष्ट्रपति से हुई बात का जिक्र है जिसमें वह पुतिन से युद्ध खत्म करने की अपील कर रहे हैं.
दैनिक भास्कर
दैनिक भास्कर अखबार ने भी महाराष्ट्र में अजित पवार की बगावत को ही पहले पन्ने के शीर्ष पर जगह दी है. खब़र का शीर्षक है, महाराष्ट्र में अजित का पावर प्ले. खब़र में इसे विपक्षी एकता पर झटका बताया गया है. अन्य खब़रों में भारत में जल्दी मानसून होने की खब़र है. वहीं पाकिस्तानी आर्मी के द्वारा आम लोगों की जमीन को हड़पने की खब़र भी पहले पन्ने पर है.
Also Read
-
TV Newsance 323 | Distraction Files: India is choking. But TV news is distracting
-
‘Talks without him not acceptable to Ladakh’: Sonam Wangchuk’s wife on reality of normalcy in Ladakh
-
When media ‘solves’ terror cases, Kashmiris are collateral damage
-
Public money skewing the news ecosystem? Delhi’s English dailies bag lion’s share of govt print ads
-
Month after govt’s Chhath ‘clean-up’ claims, Yamuna is toxic white again