Khabar Baazi
न्यूज़लॉन्ड्री ने जीते दो लाडली मीडिया अवार्ड
उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए दिए जाने वाले लाडली मीडिया अवार्ड में, इस वर्ष पत्रकार शिवांगी सक्सेना और निधि सुरेश का चयन पुरस्कृत करने के लिए हुआ है. उन्हें यह पुरस्कार उनके द्वारा न्यूज़लॉन्ड्री के लिए की गई रिपोर्ट्स के लिए मिला है. इस बार के क्षेत्रीय लाडली मीडिया और एडवरटाइजिंग अवार्ड फॉर जेंडर सेंसिटिविटी, 2022 में शिवांगी सक्सेना को नरसिंहानंद सरस्वती एंड गैंग: महिला और मुसलमान इनका पसंदीदा शिकार हैं और निधि सुरेश को हाथरस: फोर मंथ्स आन, दलित गर्ल्स फैमली लिवस बिटवीन कोर्ट हेअरिंग्स एंड विद ऑस्ट्रेसिजम रिपोर्ट के लिए इस पुरस्कार से सम्मानित किया गया.
शिवांगी सक्सेना को यह अवार्ड हिंदी वेब श्रेणी और निधि सुरेश को वेब श्रेणी में मिला है. इन पुरस्कारों की घोषणा बुधवार 2 नवंबर, 2022, को आयोजित एक समारोह में की गई.
लैंगिक समानता पर काम करने वाली संस्था पॉपुलेशन फर्स्ट ने इन अवार्ड्स की घोषणा की है. यह अवार्ड जेंडर सेंसिटिविटी के क्षेत्र में काम करने वाले पत्रकारों को हर साल दिया जाता है.
इससे पहले साल 2020 में भी न्यूज़लॉन्ड्री ने तीन लाडली मीडिया अवार्ड जीते थे. वहीं 2018 और 2015 में भी जेंडर सेंसिटिविटी के लिए लाडली मीडिया अवॉर्ड मिल चुका है.
न्यूज़लॉन्ड्री एक स्वतंत्र मीडिया संस्थान है जो किसी भी सरकार या निजी कंपनी से कोई विज्ञापन नहीं लेता. हम अपनी रिपोर्ट, मीडिया की समीक्षा, साक्षात्कार, पॉडकास्ट और विज्ञापनों से मुक्त स्वतंत्र पत्रकारिता के मकसद को पूरा करने के लिए अपने पाठकों पर निर्भर हैं. जिन रिपोर्ट्स को यह पुरस्कार मिला, वे हमारे सब्सक्राइबर्स की बदौलत ही संभव हो पाई हैं.
न्यूज़लॉन्ड्री टीम की ओर से शिवांगी सक्सेना और निधि सुरेश को बधाई और हमारे सभी सब्सक्राइबर्स का धन्यवाद, जिन्होंने जनहित के लिए पत्रकारिता के प्रयास में अपना योगदान दिया.
एक जनतंत्र में ईमानदार और अपने खर्च के लिए हर तरह के आर्थिक दबाव से मुक्त पत्रकारिता ही जनता, यानी आपके हित की बात कर सकती है. इसलिए न्यूज़लॉन्ड्री को सब्सक्राइब करें और गर्व से कहें - मेरे ख़र्च पर आजाद हैं, ख़बरें.
Also Read
-
‘Was just trying to pass water’: Jamia detentions and campus shutdown deepen standoff over union
-
‘Today I only see denuded land’: Mango orchards give way to Adani’s power plant
-
A pristine forest, wildlife, over 32,000 trees at risk: Anger grows over Torrent project in Maharashtra
-
Will Gen Z vote out the BJP in ‘27? Sreenivasan Jain asks UP’s youth
-
The path of Cyclone Arnab went through India’s plans for data centres and future growth