Khabar Baazi
जम्मू कश्मीर: रामबन के डीएम ने पुलिस को ‘फर्जी मीडिया ग्रुप’ की पहचान करने को कहा
जम्मू कश्मीर के डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट मुसरत इस्लाम ने जिला पुलिस को आदेश दिया है कि जम्मू कश्मीर के रामबन जिले में बगैर इजाजत या रजिस्ट्रेशन से चल रहे गैर कानूनी पोर्टल और ऐसे फर्जी मीडिया ग्रुप की पहचान करें.
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक अपने पत्र में मुसरत इस्लाम ने कहा कि कई मीडिया प्लेटफॉर्म जो कि सोशल मीडिया के जरिए ऑपरेट किए जाते हैं, वो फेक न्यूज़, प्रोपेगेंडा और जिले में सरकारी अधिकारियों को ब्लैकमेल करते नजर आए हैं. ये काफी मौकों पर प्रशासनिक मामलों में दखल देते हैं और सरकार विरोधी स्टोरी लिखते हैं. जिसका असल मकसद प्रशासन की छवि खराब करना और उन्हें हमेशा गलत नजरिए से दिखाना है.
इस्लाम आगे लिखते हैं, “बड़े पैमाने पर क्षेत्र और जिला अधिकारियों ने इस बात की शिकायत की और कहा कि बहुत से स्व-घोषित मीडियाकर्मी, बिना किसी पुख्ता पहचान के हमारे ऑफिस में घुसते हैं, वीडियो बनाने लगते हैं और सोशल मीडिया ग्रुप पर डाल देते हैं.
डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट मुसरत इस्लाम ने एसएसपी को ऐसे मीडिया संस्थानों और पत्रकारों की लिस्ट देने को कहा है.
इस्लाम ने जिला पुलिस से ये भी कहा कि ऐसे फर्जी मीडिया पोर्टल को ऑपरेट करने वाले इन तमाम तथाकथित पत्रकारों को फंडिंग कहां से मिल रही है इसकी भी जांच हो. जो बगैर किसी इजाजत गैर कानूनी पोर्टल चलाते हैं.
इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक रामबन की वर्किंग जर्नलिस्ट एसोसिएशन के प्रेसिडेंट तस्कीन वानी ने इस आदेश का स्वागत करते हुए कहा कि ये हमारी पुरानी अपील है. एसोसिएशन ने इससे पहले भी कई दफा इसकी शिकायत जम्मू कश्मीर डिपार्टमेंट ऑफ इन्फोर्मेशन से की थी, मगर कोई एक्शन नहीं लिया गया.
Also Read
-
Ram Temple trust inked 7 of Ayodhya’s 10 biggest land deals last year
-
SIP was the successful Sharma ji ka ladka. Now it has a problem
-
From ‘Maunmohan’ to ‘Maunendra’: Modi’s ‘strategic’ silence’ as Trump walks over India
-
A pig at the gate, TV cameras outside: The making of a viral Eid controversy
-
एनएल चर्चा 428: ईरान-अमेरिका एमओयू, क्षेत्रीय दलों में फूट और टेलीग्राम पर प्रतिबंध