Another Election show
अखिलेश यादव की पलंगतोड़ रैली की झलकियां
'एक और चुनावी शो' में आपका स्वागत है. न्यूज़लॉन्ड्री की टीम इस इस समय उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में है. जहां हमने समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव की चुनावी रैली में आए लोगों से चुनावी मुद्दों को लेकर चर्चा की.
सपा की रैली में आए एक शख्स बताते हैं, "चुनाव में महंगाई और बेरोजगारी बहुत बड़े मुद्दे हैं. जनता से जो भी वादे किए गए थे सरकार ने एक भी पूरा नहीं किया है. सरकार की कथनी और करनी में फर्क है. इतने सालों में कोई भी भर्ती नहीं निकली है. साजिश के साथ लोगों को कोर्ट भेज दिया जाता है. आज किसान परेशान हैं. जानवरों को रोकने की भी कोई व्यवस्था नहीं है."
जनसभा में आए एक युवक कहते हैं, "हम युवा ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन करके बेरोजगार घूम रहे हैं, कोई भी भर्ती नहीं निकली है. सरकार ने जो भी परीक्षा अपने कार्यकाल में आयोजित कराई है उसके पेपर लीक हुए हैं. सरकार कोई भी भर्ती नहीं लेकर आयी और जो लेकर आयी वो कोर्ट में लंबित है."
वहीं रैली में आईं एक महिला बताती हैं, "कोरोना से कितनी जनता मर गई. दो साल से स्कूल नहीं खुल रहे हैं. स्कूल खुले होते तो बच्चों के भविष्य के लिए अच्छा होता. सरकार की याजनाओं का मुझे कोई लाभ नहीं मिला है. बस महीने में दो बार अनाज मिलता है. गैस के कनेक्शन के लिए मैं बहुत पैसा भर चुकी हूं, लेकिन गैस का कनेक्शन नहीं मिला. पीएम आवास योजना के तहत घर भी नहीं मिला है. सरकार को सभी को एक जैसी सुविधाएं देनी चाहिए."
रैली में आए स्कूल के एक प्रधानाचार्य कहते हैं, "कोरोना के कारण स्कूल बंद है जिससे बच्चों के परिजन परेशान हैं. प्राइवेट कॉलेज के करीब दो लाख से ज्यादा अध्यापकों की नौकरी चली गई, अब पांच से छह हजार रूपए कमाते हैं. गोरखपुर में मनीष गुप्ता की हत्या कर दी जाती है, सरेआम कोर्ट में गोली चल जाती है. भाजपा के शासन काल में अपराध अपनी चरम सीमा पर है.”
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