Cheatsheet
एनएल सारांश: सीपीजे से लेकर आरएसएफ तक हर रिपोर्ट में पत्रकारों की हालत चिंताजनक
भारत समेत पूरे विश्व में पत्रकारों की स्थिति को लेकर हाल ही में सीपीजे और आरएसएफ की रिपोर्ट आई है. यह रिपोर्ट बताती है कि सरकार के तमाम दावों के बावजूद भारत में पत्रकारों की स्थिति चिंताजनक है. भारत विश्व में पत्रकारों के लिए पांचवा सबसे खराब देश है.
पत्रकारिता ही लोकतंत्र में वह आईना है जो जिम्मेदारों को उनकी जिम्मेदारी का एहसास दिलाता है. इसी काम के चलते मीडिया को सरकारें, कॉर्पोरेशन और ताकतवर लोग अलग-अलग तरीकों से डराते और धमकातें हैं.
रिपोर्ट बताती हैं कि साल 2021 में भारत में पांच पत्रकारों की हत्या और सात पत्रकारों को जेल में उनके काम की वजह से भेजा गया. एनएल सारांश के इस एपिसोड में चौथे स्तंभ की खराब होती हालत को विस्तार से समझिए.
देखिए पूरा वीडियो.
***
न्यूज़लॉन्ड्री के खास गिफ्ट हैंपर्स के साथ हमें अपने क्रिसमस के जश्न में करें शामिल: bit.ly/ChristmasWithNL
Also Read
-
Living under notice: Fear and uncertainty along the Yamuna in Delhi
-
Over 1 lakh pending cases: Noida burned after years of silence in labour courts
-
Bengal’s ‘Paribartan’: A victory built on opposition fractures
-
‘Someone who is TMC in the morning can become BJP by night’: Bengal’s week of violence
-
Delhi’s women gig workers are battling far more than the punishing heat