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असम कांग्रेस ने मुख्यमंत्री सोनोवाल समेत 8 अखबारों के खिलाफ दर्ज कराई एफआईआर
असम में पहले दौर की वोटिंग के बाद राज्य में राजनीतिक पारा चढ़ता जा रहा है. दोबारा सत्ता में वापसी के लिए संघर्ष कर रही बीजेपी को इस बार कांग्रेस गठबंधन से कड़ी टक्कर मिल रही है. इस बीच असम कांग्रेस ने बीजेपी के एक विज्ञापन को लेकर मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल, पार्टी प्रमुख जेपी नड्डा और अन्य नेताओं समेत 8 अखबारों के खिलाफ स्थानीय पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज कराई है.
ट्रिब्यून की खबर के मुताबिक, कांग्रेस पार्टी ने यह केस दिसपुर में चुनाव आचार संहिता तोड़ने को लेकर दर्ज कराया है. बीजेपी ने ऊपरी असम की सभी 47 सीटों पर जीत हासिल करने का दावा करते हुए एक विज्ञापन दिया था. जिसको लेकर कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि यह खबरनुमा विज्ञापन चुनाव आयोग के नियमों के खिलाफ है.
इसके बाद कांग्रेस पार्टी ने असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, प्रदेश बीजेपी प्रमुख रंजीत कुमार दास और द असम ट्रिब्यून , दैनिक असम, दैनिक पूर्वोदय,अमर असम , असमिया प्रतिदिन, नियोमिया बारता,असमिया खबर, दैनिक जुगसंखा के खिलाफ केस दर्ज कराया है.
इस विज्ञापन पर कांग्रेस लीगल सेल के प्रमुख निरन बोरा ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि इस अनुमान को लेकर बीजेपी नेताओं में एकमत नहीं है और वो ऐसे विज्ञापनों के माध्यम से अपनी असफलता को छुपाना चाहते हैं.
अपडेट:
चुनाव आयोग ने कांग्रेस की शिकायत पर आठ अखबारों को नोटिस जारी किया. अधिकारियों ने ये जानकारी देते हुए बताया कि ये विज्ञापन खबर के प्रारूप में छापे गए थे, इसलिए इन अखबारों को नोटिस भेजा गया है.
चुनाव अधिकारियों ने कहा कि कांग्रेस ने आरोप लगाया था कि विज्ञापन चुनाव आयोग के निर्देशों, चुनाव आचार संहिता और जनप्रतिनिधि कानून 1951 का उल्लंघन है. उसी के तहत नोटिस जारी किया गया है.
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