Report
दिल्ली में कार धमाका: कम से कम 9 लोगों की मौत, 18 घायल, चश्मदीद बोले- ‘मानो भूकंप आ गया था’
दिल्ली के लाल किले के पास सोमवार शाम बड़ा धमाका हुआ. लाल किला मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर-1 के बाहर एक चलती कार में जोरदार धमाका हुआ. शुरुआती जानकारी के मुताबिक, हादसे में कम से कम 9 लोगों के मारे जाने की सूचना है. साथ ही कई लोग घायल भी बताए जा रहे हैं. धमाके के कारणों का अभी खुलासा नहीं हुआ है.
धमाके बाद दिल्ली समेत सीमावर्ती प्रदेशों हरियाणा और उत्तर प्रदेश के अलावा कई राज्यों में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है. दिल्ली पुलिस कमिश्नर सतीश गोलचा ने जानकारी देते हुए बताया कि यह घटना शाम करीब 6:55 बजे हुई. धमाके से हुए विस्फोट के बाद कार में आग लग गई, जो तेजी से आसपास खड़ी तीन अन्य गाड़ियों तक फैल गई. मौके पर पुलिस, दमकल और फॉरेंसिक टीमें पहुंच चुकी हैं. इलाके को पूरी तरह से घेर लिया गया है और आसपास के सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है. शुरुआती जांच के लिए एनआईए और एनएसजी की टीमें भी मौके पर पहुंच चुकी है.
धमाके के बाद गृहमंत्री अमित शाह ने मीडिया से बातचीत में कहा कि सभी पहलुओं की जांच होगी. एएनआई को दिए बयान में अमित शाह ने कहा, 'आज शाम करीब 7 बजे दिल्ली में लाल किले के पास सुभाष मार्ग ट्रैफिक सिग्नल पर एक हुंडई i20 कार में विस्फोट हुआ. इस विस्फोट में कुछ पैदल यात्री घायल हुए और कुछ वाहन क्षतिग्रस्त हुए. प्रारंभिक रिपोर्टों से संकेत मिलता है कि कुछ लोगों की जान चली गई है. विस्फोट की सूचना मिलने के 10 मिनट के भीतर ही दिल्ली क्राइम ब्रांच और दिल्ली स्पेशल ब्रांच की टीमें मौके पर पहुंच गईं. एनएसजी और एनआईए की टीमों ने एफएसएल के साथ मिलकर अब गहन जांच शुरू कर दी है. आसपास के सभी सीसीटीवी कैमरों की जांच के आदेश दे दिए गए हैं. मैंने दिल्ली के पुलिस कमिश्नर और स्पेशल ब्रांच प्रभारी से भी बात की है. दिल्ली के पुलिस कमिश्नर और स्पेशल ब्रांच प्रभारी मौके पर मौजूद हैं, हम सभी संभावनाओं पर विचार कर रहे हैं और सभी संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए गहन जांच करेंगे. सभी विकल्पों की तुरंत जांच की जाएगी और हम परिणाम जनता के सामने पेश करेंगे.”
धमाके के बारे में जानकारी देते हुए डिप्टी चीफ फायर ऑफिसर एके मलिक ने मीडिया को जानकारी दी कि घटना में करीब 18 लोग घायल हुए हैं. उन्होंने कहा, “हमें शाम करीब 6:55 बजे चांदनी चौक मेट्रो स्टेशन के बाहर धमाके की सूचना मिली थी. मौके पर कई वाहन शामिल थे. हमने तुरंत सात फायर टेंडर भेजे और शाम 7:29 बजे तक आग पर काबू पा लिया. घटना में कुल 6 कारें, 2 ई-रिक्शा और 1 ऑटो रिक्शा जलकर क्षतिग्रस्त हुए हैं. हमें आशंका थी कि इसमें कई लोग हताहत हो सकते हैं. बाद में एलएनजेपी अस्पताल से सूचना मिली कि 8 लोगों को मृत अवस्था में लाया गया, जबकि 18 लोग घायल हैं.”
इस बीच, जहां धमाका हुआ उसके आसपास के सभी बाजार और दुकानें बंद कर दी गई हैं, चांदनी चौक इलाके में भी सन्नाटा पसरा है. पुलिस ने पूरे इलाके को घेराबंदी कर सील कर दिया है. इस बीच चांदनी चौक मार्केट एसोसिएशन के प्रधान संजय भार्गव ने मीडिया को बताया कि धमाके के चलते मंगलवार को मार्केट बंद रहेगी.
न्यूज़लॉन्ड्री से क्या बोले चश्मदीद?
न्यूज़लॉन्ड्री से बात करते हुए एक चश्मदीद विक्की ने बताया कि धमाका काफी तेज़ था. जिस वक्त धमाका हुआ वह अपने पास ही स्थित अपने घर में मौजूद थे लेकिन उन्हें लगा कि जैसे भूकंप आ गया हो. आसपास मौजूद लोग घबराकर इधर-उधर भागने लगे.
पास की एक एलईडी लाइट रिपेयर की दुकान पर काम करने वाले 21 वर्षीय दीप किशोर ने न्यूज़लॉन्ड्री को अपने फ़ोन पर रिकॉर्ड किए गए कई वीडियो दिखाए. उसने कहा, "दुकानें हिल रही थीं. दुकानों की टिन की चादरें उड़ गई थी.. जब वह मौके पर पहुंचा तो ज़मीन पर लाशें बिखरी पड़ी थीं.” दीप के मुताबिक कम से कम तीन कारों के परखच्चे उड़ गए थे.
अस्पताल पहुंचे गृहमंत्री, प्रधानमंत्री और नेताओं ने जताई संवेदना
इस बीच गृहमंत्री अमित शाह लोक नायक जय प्रकाश अस्पताल पहुंचे और घायलों से मुलाकात की.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घटना पर दुख जताया. उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा, “आज शाम दिल्ली में हुए विस्फोट में अपनों को खोने वालों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं . घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं. प्रभावित लोगों की सहायता अधिकारी कर रहे हैं. गृह मंत्री अमित शाह जी और अन्य अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा की.”
वहीं, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल समेत कई विपक्षी नेताओं ने धमाके में मृतक लोगों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई है.
राहुल गांधी ने ट्वीट करते हुए लिखा, “दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए कार विस्फोट की ख़बर बेहद दर्दनाक और चिंताजनक है. इस दुखद हादसे में कई निर्दोष लोगों की मृत्यु का समाचार अत्यंत दुखद है. इस दुख की घड़ी में अपने प्रियजनों को खोने वाले शोक संतप्त परिवारों के साथ खड़ा हूं और उनको अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं. सभी घायलों के जल्द से जल्द स्वस्थ होने की आशा करता हूं.”
क्या मीडिया सत्ता या कॉर्पोरेट हितों के बजाय जनता के हित में काम कर सकता है? बिल्कुल कर सकता है, लेकिन तभी जब वह धन के लिए सत्ता या कॉरपोरेट स्रोतों के बजाय जनता पर निर्भर हो. इसका अर्थ है कि आपको खड़े होना पड़ेगा और खबरों को आज़ाद रखने के लिए थोड़ा खर्च करना होगा. सब्सक्राइब करें.
Also Read
-
The same 2 witnesses in 165 FIRs: How a young lawyer exposed Indore Police’s ‘stock witness’ malaise
-
‘Cops didn’t do their job, FIR named me’: Hanuman devotee who defended Muslim shopkeeper vs Bajrang Dal
-
Watch: The Great Nicobar Project: Millions of trees, and tribes at risk
-
आयुर्वेद: करामाती नुस्ख़े या कारगर इलाज?
-
Ayurveda: Miracle cure or medical myth?