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मोदी का डीयू दौरा: जय श्रीराम के नारे, नजरबंदी में छात्र और सोशल मीडिया पर प्रोटेस्ट करते टीचर्स
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को दिल्ली यूनिवर्सिटी के शताब्दी समारोह में शिरकत की. इसके लिए पीएम मोदी ने अपना सफर मेट्रो से तय किया. वे लोककल्याण मार्ग से विश्वविद्यालय स्टेशन तक मेट्रो से पहुंचे. इसके बाद पीएम मोदी मेट्रो स्टेशन के बाहर लगे गाड़ियों के काफिले से समारोह स्थल तक पहुंचे.
पीएम मोदी तो आराम से मेट्रो में सफर करते दिखाई दिए लेकिन प्रोटोकॉल के चलते किए गए सुरक्षा इंतजामों ने मेट्रो के अंदर और बाहर दोनों जगह आम जनता को खासा परेशान किया. मेट्रो स्टेशन के बाहर के इलाके को चारों ओर से बैरिकेड किया हुआ था तो वहीं मेट्रो स्टेशन के अंदर भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे.
बता दें कि जब हम शताब्दी समारोह की कवरेज के लिए पहुंचे तो हमें विश्वविध्यालय मेट्रो स्टेशन के बाहर ही रोक दिया गया. पीएम मोदी के समारोह से जाने के बाद ही, रास्ते खोले गए और कैंपस एरिया में एंट्री मिली. हमने पीएम का संबोधन सुनने वाले छात्रों से बात की. प्रधानमंत्री ने शताब्दी समारोह में लंबा चौड़ा भाषण दिया. इस दौरान उन्होंने कंप्यूटर सेंटर, फैकल्टी ऑफ टेक्नोलॉजी और अकैडमिक ब्लोक की आधारशिला रखी.
जैसे ही मोदी के भाषण का समाप्त हुआ तो वहां मौजूद छात्रों और फैक्टी ने जय श्री राम के नारे लगाए. इस कार्यक्रम के लिए कई कॉलेजों ने छात्रों के लिए गाइडलाइंस जारी कीं हुई थीं. जहां छात्रों के काले कपड़े पहनने पर रोक लगा दी गई थी तो उनकी इस समारोह में ऑनलाइन उपस्थिति अनिवार्य कर दी गई. इसके लिए उन्हें पांच अटेंडेंस मुफ्त दी गईं.
दूसरी ओर डीयू के कुछ शिक्षकों ने सोशल मीडिया के जरिए अपना विरोध भी दर्ज कराया. शिक्षकों ने पोस्टरों के साथ अपनी तस्वीरें शेयर कीं. जिनपर लिखा था-
प्रधानमंत्री को जवाब देना होगा की क्यों इतने समय तक सेवा में रहने पर डीयू के शिक्षकों की छटनी हो रही है?
सबके लिए मुफ़्त और समान शिक्षा क्यों नहीं है?
शैक्षणिक स्वतंत्रता पर हमला क्यों हो रहा है?
प्रधानमंत्री के रूप में आप अल्पसंख्यक, दलित और महिलाओं पर हो रहे अत्याचार क्यों नही रोक पा रहे हैं?
यही नहीं प्रधानमंत्री का विरोध न हो इसे देखते हुए आइसा से जुड़े छात्रों को घर में ही नजरबंद कर दिया गया. वो घर से बाहर न निकलें इसलिए पुलिसकर्मियों ने उन्हें घर में नजरबंद कर दिया. छात्रों ने अपनी तस्वीर के साथ पोस्टर जारी कर कहा, कि उन्हें 35 घंटे से घर के अंदर कैद किया हुआ है. मोदी जी छात्रों से इतना डरते क्यों हैं?
वहीं एक छात्रा ने पोस्टर जारी कर लिखा, हमें शक के आधार पर फ्लैट के अंदर बंद किया हुआ है. क्या यही मोदी का लोकतांत्रिक डीएनए है.
देखिए पूरा वीडियो-
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