Gujarat and Himachal Elections
भाजपा के बागी मधु श्रीवास्तव: ‘अमित शाह का फोन आने तक देर हो चुकी थी’
गुजरात चुनाव में भाजपा ने अपने कई मौजूदा विधायकों का टिकट काट दिया है. इनमें से ज्यादातर तो चुप होकर बैठ गए, वहीं कई बागी होकर निर्दलीय के रूप में चुनावी मैदान में उतरे हैं. वड़ोदरा में छह बार से चुनाव जीत रहे मधु श्रीवास्तव इन्हीं में से एक हैं. निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में खड़े होने के बाद भाजपा ने उन्हें निष्कासित कर दिया है.
मूलतः उत्तर प्रदेश के झांसी के रहने वाले श्रीवास्तव का परिवार सालों पहले वड़ोदरा आ गया था. बाहुबली छवि वाले श्रीवास्तव का राजनीति में प्रवेश 1995 में हुआ था. वे पहली बार वड़ोदरा के वाघोडिया से चुनाव जीते थे, उसके बाद भाजपा में शामिल हो गए. छह बार विधायक रहे श्रीवास्तव लगातार पांच बार भाजपा की उम्मीदवारी पर चुनाव लड़े और जीते, हालांकि इस बार भाजपा ने उनका टिकट काट दिया है.
टिकट न मिलने के सवाल पर श्रीवास्तव कहते हैं, “गुजरात के भाजपा नेताओं ने मेरी टिकट कटवाई है. केंद्रीय नेतृत्व जानता है कि मैं यहां से चुनाव नहीं हार सकता. वो टिकट देने की तैयार थे, लेकिन यहां के नेताओं ने मेरा टिकट काटकर दूसरे को दे दिया. उसके बाद मेरे लोग आये और बोले चुनाव लड़ना है. मैं अपने लोगों को नाराज नहीं कर सकता हूं, इस कारण मैदान में उतर गया.”
आपको मनाने की कोशिश नहीं हुई? इस सवाल पर वो कहते हैं, ‘‘फोन आया था. अमित शाह का भी फोन आया था लेकिन तब तक देर हो चुकी थी. जैसे विजय रुपाणी और नितिन पटेल को पहले ही बता दिया गया था, वैसे मुझे भी बता देते तो मैं नहीं लड़ता चुनाव. लेकिन मुझे कहा गया था कि तैयारी करो. मैं चुनाव की तैयारी कर रहा था.”
वाघोडिया से भाजपा के दो बागी उम्मीदवार मैदान में हैं. भाजपा का अपना उम्मीदवार भी है. ऐसे में किसी तीसरे को फायदा होने की संभावना के सवाल पर श्रीवास्तव कहते हैं, “यहां से मैं जीत रहा हूं. भाजपा किसी और को टिकट देकर पछता रही है.”
पार्टी द्वारा निष्कासित होने के बाद, अगर आप चुनाव जीतते हैं तो क्या दोबारा भाजपा में शामिल हो जाएंगे? इस पर श्रीवास्तव कहते हैं, “पार्टी के निष्कासित करने से पहले ही मैं अलग हो गया था. जब निर्दलीय मैदान में उतर गया था तो पार्टी में होने का कोई मतलब ही नहीं था. जहां तक भाजपा ज्वाइन करने की बात है, यह तो समय और मेरे लोग बताएंगे. मेरे लोग जो कहेंगे मैं उसे ही करूंगा.”
श्रीवास्तव का विवादों से पुराना नाता है. बीते दिनों उन्होंने कहा था कि मेरे लोगों को कोई परेशान करेगा तो मैं उसे शूट कर दूंगा. इसके अलावा गुजरात दंगे के समय हुए बेस्ट बेकरी दंगे मामले में आरोपी भी हैं. हालांकि इन आरोपों पर उन्होंने कुछ नहीं बोला. अभिनय के शौक़ीन श्रीवास्तव ने कई फिल्मों में काम भी किया है.
श्रीवास्तव से न्यूज़लॉन्ड्री की बातचीत आप यहां देख सकते हैं.
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