Assembly Elections 2022
सवाल से नाराज बीजेपी प्रत्याशी बेबी रानी मौर्य ने बीच में ही छोड़ा न्यूज़लॉन्ड्री का इंटरव्यू
भारतीय जनता पार्टी की उपाध्यक्ष बेबी रानी मौर्य आगरा ग्रामीण विधानसभा सीट से चुनावी मैदान में हैं. बता दें कि बेबी रानी मौर्य उत्तराखंड की राज्यपाल और आगरा की मेयर भी रह चुकी हैं. बेबी रानी मौर्य ने न्यूज़लॉन्ड्री से महिलाओं और दलितों सहित कई मुद्दों पर चर्चा की. हालांकि इस दौरान एक सवाल पर वह भड़क गईं और बीच में ही इंटरव्यू छोड़कर चली गईं.
उत्तरखंड के राज्यपाल का पद छोड़ने की वजह पूछने पर बेबी रानी कहती हैं, "राजनीति में आने का मतलब सेवा करना होता है. मैं जनता की सेवा के लिए यहां आई हूं. मेरा दो साल का कार्यकाल बचा हुआ था. मैं वो त्याग कर अपने ग्रामीण विधानसभा में दलितों, महिलाओं और गरीबों की सेवा के लिए आई हूं."
महिलाओं को लेकर अपने चर्चित बयान और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल करने पर बेबी रानी कहती हैं, "मीडिया ने मेरे बयान को पूरा नहीं पढ़ा. बस एक लाइन लेकर उसी को छाप दिया गया. प्रधानमंत्री पिछड़ों, दलितों, महिलाओं और किसानों के लिए जो काम कर रहे हैं ये सुशासन है. इसी को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आगे बढ़ा रहे हैं. गुंडा राज खत्म हो चुका है इसलिए सुरक्षा भी दुरुस्त है."
हाथरस और आगरा में अरुण वाल्मीकि की पुलिस हिरासत में मौत पर प्रशासन और सरकार की भूमिका पर सवाल करने पर उन्होंने कहा, "जो दोषी थे उन्हें दोषी करार दिया गया. उन्हें सजा भी मिली. हाथरस मामले में भी जो दोषी था उनके खिलाफ भी कार्रवाई हुई है. जहां जो दोषी होता है उसके खिलाफ कार्रवाई होती है."
हमने हाथरस में सुरक्षा और परिजनों की सलाह के बगैर पीड़िता के शव जलने को लेकर बेबी रानी से कुछ और सवाल करने की कोशिश की लेकिन वो इसे लेकर भड़क उठीं और इंटरव्यू बीच में ही छोड़कर चली गईं. उन्होंने कहा कि वो इस मुद्दे पर कोई विचार नहीं रखना चाहती हैं. इसे राजनीतिक मुद्दा बनाया जा रहा है.
***
यह शो हमारे चुनाव कवरेज का एक हिस्सा है, जो एनएल सेना सीरीज का पार्ट है. हमारे एनएल सेना प्रोजेक्ट को सहयोग दें.
यह स्टोरी एनएल सेना प्रोजेक्ट का हिस्सा है जिसमें हमारे पाठकों ने योगदान दिया है. यह संजयकुमार, देवकी खन्ना, सुभ्रजीत चक्रवर्ती, सोमोक गुप्ता रॉय, सत्य, शुभंकर मोंडल, सौरव अग्रवाल, कार्तिक, सुदर्शन मुखोपाध्याय, उमा राजगोपालन, एचएस काहलों, श्रेया सेतुरमन, विनोद गुब्बाला, अनिर्बन भट्टाचार्जी, राहुल गुप्ता, राहुल गुप्ता, रेजिथ राजन, अभिषेक ठाकुर, रथींद्रनाथ दास, फरजाना हसन, अनिमेष नारायण, एजे, निधि मनचंदा, राहुल भारद्वाज, कीर्ति मिश्रा, सचिन तोमर, राघव नायक, रूपा बनर्जी, आकाश मिश्रा, सचिन चौधरी, उदयन आनंद, करण मुजो, गौरव एस दत्ता, जयंत बसु, अभिजनन झा, आशुतोष मित्तल, साहित कोगंती, अंकुर, सिंधु कासुकुर्थी, मानस, अक्षय शर्मा, मंगेश शर्मा, विवेक मान, संदीप कुमार, रूपा मुकुंदन, पी आनंद, नीलकंठ कुमार, नूर मोहम्मद, शशि घोष, विजेश चंदेरा, राहुल कोहली, जान्हवी जी, डॉ प्रखर कुमार, आशुतोष सिंह, सैकत गोस्वामी, शेषा साई टीवी, श्रीकांत शुक्ला, अभिषेक ठाकुर, नागार्जुन रेड्डी, जिजो जॉर्ज, अभिजीत, राहुल दिक्षित, प्रवीण सुरेंद्र, माधव कौशिश, वर्षा चिदंबरम, पंकज, मनदीप कौर समरा, दिब्येंदु तपदार, हितेश वेकारिया, अक्षित कुमार, देववर्त पोदर, अमित यादव, हर्षित राज, लक्ष्मी श्रीनिवासन, अतिंद्रपाल सिंह, जया मित्रा, राज परब, अशरफ जमाल, आसिफ खान, मनीष कुमार यादव, सौम्य पाराशर, नवीन कुमार प्रभाकर, लेज़ो, संजय डे, अहमद ज़मान, मोहसिन जाबिर, सबीना, सुरेश उप्पलपति, भास्कर दासगुप्ता, प्रद्युत कुमार, साई सिंधुजा, स्वप्निल डे, सूरज, अपराजित वर्की, ब्रेंडन जोसेफ डिसूजा, ज़ैनब जाबरी, तनय अरोड़ा, ज्योति सिंह, एम. मित्रा, आश्रय आगूर, इमरान, डॉ. आनंद कुलकर्णी, सागर कुमार, संदीप बानिक, मोहम्मद सलमान, साक्षी, नवांशु वाधवानी, अरविंद भानुमूर्ति, धीरेन माहेश्वरी, संजीव मेनन, अंजलि दांडेकर, फरीना अली कुरबरवाला, अबीरा दुबे, रमेश झा, नम्रता, प्रणव कुमार, अमर नाथ, आंचल, साहिबा लाल, जुगराज सिंह, नागेश हेब्बर, आशुतोष म्हापने, साई कृष्णा, दीपम गुप्ता, अंजू चौहान, सिद्धार्थ जैन, अवनीश दुरेहा, वरुन सिंघल, अक्षय, साईनाथ जाधव, श्रेयस सिंह, रंजीत समद, विनी नायर, वत्सल मिश्रा, आदित्य चौधरी, जसवीन, प्रदीप, नीलेश वैरागड़े, मनोहर राज, तान्या धीर, शालीन कुमार शर्मा, प्रशांत कल्वापल्ले, आशुतोष झा, आरोन डिसूजा, शक्ति वर्मा, संयुक्ता, पंत, अश्विनी, फिरदौस कुरैशी, सोहम जोशी, अंकिता बॉस्को, अर्जुन कलूरी, रोहित शर्मा, बेट्टी राचेल मैथ्यू, सुशांत टुडू, प्रदीप कुमार पुनिया, दिलीप कुमार यादव, नेहा खान, ओंकार , वंदना भल्ला, सुरेंद्र कुमार, संजय चाको, अब्दुल्ला, आयुष गर्ग, मुकर्रम सुल्तान, अभिषेक भाटिया, ताजुद्दीन खान, विश्वास देशपांडे, मोहम्मद अशरफ, जयती सूद, आदित्य गर्ग, नितिन जोशी, पार्थ पटशानी, एंटोन विनी, सागर राउत, विवेक चांडक, दीप चुडासमा, खुशबू मटवानी, वीरेंद्र बग्गा और एनएल सेना के अन्य सदस्यों के सहयोग के कारण संभव हो पाया है.
Also Read: यूपी चुनाव 2022: “राशन नहीं रोजगार चाहिए”
Also Read
-
A Delhi SIR mystery: 728 of 729 voters deleted in booth, poll official says their homes ‘unauthorised’
-
Anatomy of a ‘conspiracy’: How UP cops turned a wage protest into a national security case
-
Nepal flash floods: When disaster becomes content
-
The Subhash Chandra insolvency controversy explained
-
GDP numbers say India is thriving. Is it?