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एनएल चर्चा 171: वैक्सिनेशन नीति में बदलाव, योगी की दिल्ली में हाजिरी और जितिन प्रसाद
एनएल चर्चा के 171वें अंक में नई वैक्सीनेशन पॉलिसी, पीएम का देश को संबोधन, उत्तर प्रदेश के आगरा के अस्पताल में हुई 22 लोगों की मौत, ट्विटर को नए आईटी नियमों को लेकर जारी नोटिस, कार्टूनिस्ट मंजुल को ट्विटर नोटिस और नेटवर्क 18 द्वारा बर्खास्त किया जाना, जितिन प्रसाद का कांग्रेस छोड़ बीजेपी में शामिल होना इस हफ्ते चर्चा के प्रमुख विषय रहे.
इस बार चर्चा में नवभारत टाइम्स के असिस्टेंट एडिटर नरेंद्र नाथ मिश्रा बतौर मेहमान शामिल हुए. न्यूज़लॉन्ड्री के सहसंपादक शार्दूल कात्यायन और एसोसिएट एडिटर मेघनाद एस भी चर्चा का हिस्सा रहे. संचालन अतुल चौरसिया ने किया.
चर्चा की शुरुआत करते हुए अतुल ने नरेंद्र नाथ से जानना चाहा कि सरकार द्वारा कार्टूनिस्ट मंजुल के अंकाउट को लेकर ट्विटर को भेजे गए नोटिस के बाद अब नेटवर्क 18 द्वारा उनका कॉन्ट्रैक्ट रद्द करने को कैसे देखते हैं.
जवाब में नरेंद्र कहते हैं, “अगर आप देखें तो पिछले कुछ महीने में सिर्फ मंजुल ही नहीं बल्कि कई लोगों को लेकर सरकार ने फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर बैन लगाने की मांग की है. सरकारी आंकड़े देखें तो साल 2021 में सरकार की तरफ से जो नोटिस भेजा गया है वो पिछले चार साल में सबसे अधिक है. उसमें मंजुल जाने पहचाने चेहरे हैं लोगों का कार्टून बना रहे हैं तो उनका नाम सामने आया. इस पर जब ट्विटर पर बहस उठी तो उन पर आरोप लगा कि वो सरकार की बुराई कर रहे थे और काफी आक्रामक थे. सवाल लिफ्ट विंग या राइट विंग का नहीं है, बात फ्री स्पीच की हो रही है, फ्रीडम की हो रही है.”
वो आगे कहते हैं, “आपको याद होगा की 2011-12 में कार्टूनिस्ट असीम के साथ क्या हुआ था. उस समय उनके कार्टून को सभी लोगों ने सपोर्ट किया था फिर चाहे वह राइट विंग के लोग हो या लेफ्ट विंग. उस समय कहा गया था कि उनकी क्रिएटिविटी से आपत्ति हो सकती है. लेकिन आपके लिखने या कार्टून से आपत्ति नहीं हो सकती है. उस लिहाज से आज देखे की आठ- नौ सालों में ऐसा क्या बदल गया कि लोग फ्री स्पीच को सपोर्ट नहीं कर रहे है. भले ही व्यक्तिगत तौर पर उनके कार्टून से सहमत ना हो लेकिन जो फ्रीडम ऑफ स्पीच है उसके तहत मैं उनका समर्थन करुंगा. लेकिन अब यह बदल गया है. लोगों की बोलने की आजादी के प्रति सोच में बदलाव आया है.”
अतुल ने मेघनाद को चर्चा में शामिल करते हुए प्रधानमंत्री द्वारा देश के संबोधन पर सवाल किया. जिसमें केंद्र सरकार ने वैक्सिनेशन पॉलिसी में बदलाव किया. यह संबोधन देश के नाम कम, राजनीतिक ज्यादा था.
मेघनाद कहते हैं, “आपने बिल्कुल सही कहा कि यह स्पीच राष्ट्र को कम संबोधित कर रहा था और पॉलिटिकल विपक्ष को अधिक. पीएम की मेरे ख्याल से राज्य सरकारों को एक संदेश देने की कोशिश थी. मैं वैक्सीन के कुछ आंकड़े बता देता हूं. पहले फेज में कोविशिल्ड के 5 करोड़ से ज्यादा और कोवैक्सीन के एक करोड़ डोज ऑर्डर किए गए थे. जो पूरी तरह खत्म हो चुके हैं. दूसरे फेज में कोविशिल्ड के 10 करोड़ और कोवैक्सीन के 2 करोड़ ऑर्डर किए गए थे. इसमें 75 प्रतिशत के आस पास लगाए जा चुके हैं. तीसरे फेज से विवाद उपजा है. तीसरे फेज में कोविशिल्ड के 13 करोड़ और कोवैक्सीन के 3 करोड़ यानी टोटल 16 करोड़ वैक्सीन ऑर्डर किए गए थे. ये 16 करोड़ वैक्सीन जुलाई तक आने वाली है.”
शार्दूल को चर्चा में शामिल करते हुए अतुल ने वैक्सीनेशन पॉलिसी और उस पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा की गई टिप्पणी को लेकर सवाल किया.
शार्दूल कहते हैं, “इस पूरे मामले में एक महत्वपूर्ण बात हैं कि दो महीने के अंदर भारत सरकार ने तीसरी बार अपनी वैक्सीन नीति में बदलाव किया है. पहले केंद्र के पास 75 प्रतिशत और राज्यों के पास 25 प्रतिशत काम था. उसके बाद केंद्र के पास 50% और राज्य और कारपोरेट का हिस्सा 50% हुआ. अब फिर से 75 और 25 हो गया है.”
शार्दूल कहते हैं, “वैक्सीनेशन नीति में आए बदलाव का मुख्य कारण जो मुझे समझ में आता है वह है उत्तर प्रदेश का आने वाला चुनाव. बहुत से लोगों को लगेगा कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा की गई टिप्पणी के बाद केंद्र सरकार ने फैसला बदला है. लेकिन यह विशुद्ध राजनीतिक फायदा लेने के लिए किया गया है.”
इस विषय के अलावा अन्य विषयों पर बहुत विस्तार से बातचीत हुई. पूरी बातचीत सुनने के लिए इस पूरे पॉडकास्ट को जरूर सुनें और न्यूज़लॉन्ड्री को सब्सक्राइब करना न भूलें.
टाइम कोड
00:00- परिचय
02:00- विषय
14:15- वैक्सीन नीति पर पीएम मोदी का संबोधन
25:32- वैक्सीनेशन पॉलिसी पर सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी
45: 15 - उत्तर प्रदेश की राजनीति
01:04:03- बीजेपी में शामिल हुए जितिन प्रसाद
01:22:35- सलाह और सुझाव
पत्रकारों की राय, क्या देखा, पढ़ा और सुना जाए.
नरेंद्र नाथ मिश्रा
सोनी लिव पर उपलब्ध- महारानी सीरीज
द फैमली मैन टू सीरीज - अमेजन प्राइम
मेघनाथ एस
फिल्म- मेयर ऑफ ईस्टटाउन डिज्नी हॉटस्टार
डिज्नी हॉटस्टार पर उपलब्ध फिल्म - सोल
शार्दूल कात्यायन
वैक्सीन नीति पर जॉमी एन राव का लेख
सुनीता नारायण का लेख- महामारी में पर्यावरण की फिक्र
पर्यावरण को लेकर प्रकाशित डिडब्लू पर लेख
दुनिया भर में इलेक्ट्रॉनिक्स चीप्स को लेकर हो रही कमी पर सीएनबीसी पर प्रकाशित रिपोर्ट
अतुल चौरसिया
द फैमली मैन टू सीरीज - अमेजन प्राइम
राजस्थान और महाराष्ट्र से न्यूज़लॉन्ड्री पर प्रकाशित ग्राउंड रिपोर्ट्स
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एनएल रिसेस के अगले संस्करण में, फिल्म कलाकार कबीर बेदी अपनी नई किताब, "स्टोरीज़ आई मस्ट टेल" पर चर्चा करेंगे. 20 जून को भारतीय समयानुसार शाम 7 बजे होने वाला यह कार्यक्रम सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए है. यदि आपने अभी तक न्यूज़लॉन्ड्री को सब्सक्राइब नहीं किया है तो आज ही सब्सक्राइब करें
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प्रोड्यूसर- लिपि वत्स और आदित्य वारियर
एडिटिंग - सतीश कुमार
ट्रांसक्राइब - अश्वनी कुमार सिंह
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