Newslaundry Hindi
ऑफिसियल सीक्रेट एक्ट के तहत गिरफ्तार पत्रकार राजीव शर्मा को दिल्ली हाईकोर्ट से मिली जमानत
एएनआई की एक रिपोर्ट के मुताबिक दिल्ली हाईकोर्ट ने शुक्रवार को स्वतंत्र पत्रकार राजीव शर्मा को जमानत दे दी है. उन्हें ऑफिसियल सीक्रेट एक्ट के तहत 14 सितंबर को दिल्ली की स्पेशल सेल ने गिरफ्तार किया था.
बता दें कि राजीव शर्मा को सुरक्षा से जुड़े गोपनीय दस्तावेज़ चीन के खुफिया अधिकारियों को बेचने के मामले में गिरफ्तार किया गया था. इसके बाद उन्हें तिहाड़ जेल भेज दिया गया था. अगर वह इस मामले में दोषी पाए जाते हैं तो उन्हें दस साल तक की जेल हो सकती है.
राजीव शर्मा की जमानत याचिका को नवंबर में अदालत ने यह कहते हुए खारिज कर दिया था कि, "वह भारत के खिलाफ एक दुश्मन देश की मदद कर रहे थे, इसलिए उनके कार्यों की कड़ी निंदा की जाती है."
इससे पहले उनके वकील ने कहा था कि गिरफ्तारी के बाद उनकी एफआईआर कॉपी को शर्मा या अदालत के साथ 11 दिनों तक साझा नहीं किया था. बता दें कि उनकी गिरफ्तारी की प्रेस क्लब ऑफ इंडिया ने भी निंदा की थी.
61 वर्षीय राजीव शर्मा अपनी पत्नी के साथ पीतमपुरा में रहते हैं. उनका एक बेटा है जो अमेरिका में रहता है. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल द्वारा 14 सितंबर की रात उन्हें उस वक्त हिरासत में ले लिया गया था जब वे जनपथ मार्ग पर स्थित नेशनल मीडिया सेंटर से अपने घर लौट रहे थे. पुलिस उन्हें अपने साथ लेकर उनके घर पहुंची और घर की तलाशी ली. इस दौरान मोबाइल फोन, लैपटॉप और बाकी अन्य कई डाक्यूमेंट पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिये थे.
एएनआई की एक रिपोर्ट के मुताबिक दिल्ली हाईकोर्ट ने शुक्रवार को स्वतंत्र पत्रकार राजीव शर्मा को जमानत दे दी है. उन्हें ऑफिसियल सीक्रेट एक्ट के तहत 14 सितंबर को दिल्ली की स्पेशल सेल ने गिरफ्तार किया था.
बता दें कि राजीव शर्मा को सुरक्षा से जुड़े गोपनीय दस्तावेज़ चीन के खुफिया अधिकारियों को बेचने के मामले में गिरफ्तार किया गया था. इसके बाद उन्हें तिहाड़ जेल भेज दिया गया था. अगर वह इस मामले में दोषी पाए जाते हैं तो उन्हें दस साल तक की जेल हो सकती है.
राजीव शर्मा की जमानत याचिका को नवंबर में अदालत ने यह कहते हुए खारिज कर दिया था कि, "वह भारत के खिलाफ एक दुश्मन देश की मदद कर रहे थे, इसलिए उनके कार्यों की कड़ी निंदा की जाती है."
इससे पहले उनके वकील ने कहा था कि गिरफ्तारी के बाद उनकी एफआईआर कॉपी को शर्मा या अदालत के साथ 11 दिनों तक साझा नहीं किया था. बता दें कि उनकी गिरफ्तारी की प्रेस क्लब ऑफ इंडिया ने भी निंदा की थी.
61 वर्षीय राजीव शर्मा अपनी पत्नी के साथ पीतमपुरा में रहते हैं. उनका एक बेटा है जो अमेरिका में रहता है. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल द्वारा 14 सितंबर की रात उन्हें उस वक्त हिरासत में ले लिया गया था जब वे जनपथ मार्ग पर स्थित नेशनल मीडिया सेंटर से अपने घर लौट रहे थे. पुलिस उन्हें अपने साथ लेकर उनके घर पहुंची और घर की तलाशी ली. इस दौरान मोबाइल फोन, लैपटॉप और बाकी अन्य कई डाक्यूमेंट पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिये थे.
Also Read
-
The bigger story in Kashmir is the media’s silence on action against its own
-
‘How can you remove names without checking?’: Inside Prayagraj’s battle over voter lists
-
6 journalists summoned this month, ‘25’ in a year: The police trail following Kashmir’s press
-
Mark Carney calls out the rules-based global order lie, but only after it hurts middle powers
-
‘This is why he wanted to leave India’: Noida techie death raises civic safety questions